केवलारी पीएचई ऑफिस केवलारी के अंतर्गत ठेकेदारों की मनमानी खामियाजा भुगत रही आम जनता


केवलारी पीएचई ऑफिस केवलारी के अंतर्गत ठेकेदारों की मनमानी खामियाजा भुगत रही आम जनता
पीएचई ऑफिस के जवाबदार अधिकारियों का का उदासीन रवैया
केवलारी में इन दिनों शासकीय तंत्र की उदासीनता साफ तौर पर देखी जा सकती आमजन अपनी समस्या के लिए केवलारी के ऑफिसों के चक्कर लगाते रह जाते लेकिन उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं मिलता ऑफिसों के जबाबदार अधिकारी की उदासीनता का जनता को सामना करना पड़ता है ताजा मामला चांदनी चौक से ब्लॉक कॉलोनी जिसे मलारा रोड तहसील रोड आदि नाम से भी जाना जाता है चांदनी चौक से जब हम ब्लॉक कॉलोनी रोड की तरफ बढ़ते हैं तब इस रास्ते पर लगभग केवलारी के सभी शासकीय कार्यालय जैसे केवलारी ग्राम पंचायत,उत्कृष्ट स्कूल केवलारी कन्या हाई सेकेंडरी स्कूल,तहसील ऑफिस,एसडीएम ऑफिस,एसडीओपी ऑफिस जनपद पंचायत आदि सारे शासकीय तंत्र इसी रास्ते से होकर गुजरते हैं दूसरे शब्दों में कहें तो केवलारी के समस्त आला अधिकारी प्रतिदिन इसी रास्ते से ऑफिस की ओर जाते हैं केवलारी कि एस रोड की दशा किसी से छुपी नहीं है इस रास्ते की दयनीय स्थिति हो गई है बरसात में पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है खासकर चांदनी चौक के नजदीक यहां के आम जन का कहना है की इस रोड निर्माण के लिए कई बार आला अधिकारियों से गुहार लगाई गई लेकिन कई साल बीत गए आज तलक यह रोड वैसे ही जर्जर हालत पर है हम आपको यह भी बताना चाहते हैं कि इस रास्ते से स्कूल बालक बालिकाएं का भी आना जाना है जो बहुत मुश्किलों से स्कूल से अपने घर जा पाते हैं यही मार्ग मलारा ब्रिज से जाकर मिलता है जिससे सैकड़ों गांव का भी आवागमन केवलारी पर होता है जिसके अंतर्गत चार पहिया दो पहिया भारी वाहन भी इसी मार्ग से होकर गुजरते हैं दूसरे शब्दों में कहें तो यह केवलारी के मुख्य मार्गो में एक है इतना महत्वपूर्ण मार्ग होने के बाद भी इस की जर्जर हालत तो है ही लेकिन इस सड़क पर विगत शनिवार के दिन पी एच ई ऑफिस केवलारी के अंतर्गत आने वाले ठेकेदार के द्वारा पाइप लाइन विस्तार के कार्य को मनमाने ढंग से करने के लिए इस मार्ग को अवरोध कर पाइप लाइन विस्तार का कार्य किया लेकिन पाइपलाइन की सही ढंग से भरआई एवं समतलीकरण ना होने के कारण इस पाइप लाइन में पानी का लीकेज प्रारंभ हो गया जिससे आज इस रास्ते की दयनीय स्थिति और गंभीर हो गई चांदनी चौक के पास कीचड़ नुमा दलदल बन गया जहां सुबह से ही बड़े वाहन फसे दिखे और जहां पाइप लाइन डाली गई वहां बहुत बड़ा गड्ढा कीचड़ दलदल का रूप ले चुका था मानो सड़क ऐसी लग रही थी जैसे खेत की मिट्टी पर कोई गाड़ी चला रहा है आज तो यह हालत थी यहां से पैदल निकलना भी मुश्किल था अगर बारिश हो जाए तो आप इस रास्ते की स्थिति का अनुमान खुद ही लगा सकते हैं इस संबंध में जब हम पी डब्लू डी ऑफिस केवलारी जानकारी लेने पहुंचे वहां के एसडीओ महोदय ने कहा कि हमें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है इसके बाद हम पीएचई ऑफिस गए जहां हमें कोई जवाबदार अधिकारी नहीं मिला हमने जब उनसे फोन लगाना चाहा तो उनसे से संपर्क नहीं हो पाया केवलारी के अधिकारियों का इस तरह का उदासीन रवैया उनकी कार्यप्रणाली पर कई प्रश्नचिन्ह लगाता है क्या आमजन अपनी परेशानी से इसी तरह जूझता रहेगा और सरकारी अधिकारी सरकार के ठाठ बाट का इसी तरह लुप्त लेते रहेगे देखना तो अब यह है केवलारी कार्यालय के अधिकारियों के इस तरह के उदासीन रवैया को जिला प्रशासन किस नजरिए से देखता है और क्या कदम उठाता है क्या वह भी आमजनों की समस्याओं को ठंडे बस्ते में डाल देगा या कोई ठोस कदम उठाएगा ताकि आम जनों की समस्याओं का निदान हो सके